Meta का Muse Spark Open 816 अरब पैरामीटर वाला खुला (open-weight) मॉडल है, जिसके वज़न (weights) 15 अक्टूबर 2026 को सबके लिए जारी हुए। इसे अपने डेस्क पर चलाने के लिए करीब 1 टेराबाइट मेमोरी चाहिए, यानी Apple के दो M5 Ultra Mac Studio, जिनमें हर एक 512GB तक की मेमोरी दे सकता है। डाउनलोड मुफ़्त है; चलाना नहीं।

ज़्यादातर ख़बरें Meta-Apple की साझेदारी पर रुकती हैं। हमने मेमोरी का हिसाब और भारतीय डेवलपर के लिए इसका मतलब जोड़ा है, यानी बड़े मॉडल के साथ Meta के छोटे 30B मॉडल की तुलना।

क्या हुआ: Muse Spark Open के वज़न सबके लिए खुले

TechCrunch के अनुसार Muse Spark Open में 816 अरब पैरामीटर और 10 लाख टोकन की संदर्भ-खिड़की (context window) है। मॉडल कई तरह के इनपुट (multimodal) समझता है और जटिल कोडिंग व एजेंट वाले काम के लिए बना है। Meta ने इसे अमेरिका का अब तक का सबसे सक्षम खुला मॉडल कहा है, यह कंपनी का अपना दावा है।

CNBC के अनुसार Meta और Apple ने गुरुवार को घोषणा की कि डेवलपर इसे Apple के हाई-एंड Mac Studio पर लोकल चला सकेंगे। इसके लिए दो से चार M5 Ultra मशीनें जोड़नी होंगी और Apple का MLX फ़्रेमवर्क चाहिए। Meta के AI प्रमुख Alexandr Wang ने कहा कि ऐसे बड़े खुले मॉडल ज़्यादातर PC पर चल नहीं पाते।

816 अरब पैरामीटर का मेमोरी हिसाब

Engadget के अनुसार Muse Spark Open को लोकल चलाने के लिए करीब 1TB रैम चाहिए। Meta के हवाले से हर M5 Ultra Mac Studio का GPU 512GB तक मेमोरी इस्तेमाल कर सकता है, इसलिए दो मशीनें मिलकर पूरा मॉडल थाम लेती हैं।

गणित सीधा है: अगर हर पैरामीटर 1 बाइट (8-bit) लें, तो 816 अरब पैरामीटर लगभग 816GB हो जाते हैं। बाक़ी जगह 10 लाख टोकन की लंबी संदर्भ-स्मृति और दूसरे ऑपरेशन खाते होंगे, जो 1TB के आँकड़े के क़रीब पहुंचता है। यह सरल उदाहरण है; Meta ने सटीक प्रिसिशन का ब्योरा यहाँ नहीं दिया।

तुलना के लिए, 128GB वाला RTX Spark लैपटॉप आज का सबसे बड़ा मेमोरी वाला लैपटॉप है। 1TB के लिए ऐसे आठ लैपटॉप चाहिए होते।

Apple के साथ क्यों: एकीकृत मेमोरी की चाल

आम PC में GPU की अपनी अलग मेमोरी (VRAM) होती है, और बड़े मॉडल उसमें समाते नहीं। Apple के एकीकृत मेमोरी (unified memory) ढांचे में CPU और GPU एक ही पूल बाँटते हैं, इसलिए पूरा पूल GPU के काम आ सकता है। Engadget में Meta का यही तर्क है कि दो मशीनें एक टेराबाइट वाले सुपरकंप्यूटर जैसी चलती हैं।

Wang ने CNBC से कहा कि Mac Studio इतनी मेमोरी देते हैं कि इस मॉडल को चलाना व्यावहारिक हो जाता है। CNBC के अनुसार कंपनियों का तर्क है कि लोकल चलाने से सुरक्षा बढ़ती है, लागत घटती है और क्लाउड डेटा सेंटरों पर निर्भरता कम होती है।

क़ीमत का पहलू भी है। CNBC के अनुसार 256GB वाला M5 Ultra Mac Studio कम से कम $10,799 का है। चार ऐसी मशीनों का कम से कम 4 × $10,799 = $43,196 बनता है, जबकि Engadget ने करीब $38,000 बताया। दोनों आँकड़े मेल नहीं खाते। 512GB वाले Mac Studio की क़ीमत और तारीख़ Engadget के अनुसार अभी घोषित नहीं है, सिर्फ़ अक्टूबर के आख़िर में उपलब्धता बताई गई है।

Meta ने खुले वज़न फिर क्यों चुने

VentureBeat के अनुसार Meta ने अप्रैल में खुले Llama परिवार की जगह बंद, सिर्फ़ API वाला Muse Spark उतारा था। फिर 10 अगस्त 2026 को उसने 30 अरब पैरामीटर वाला Muse Glimmer Apache 2.0 लाइसेंस पर खोला, जो Llama 4 के बाद उसका पहला खुला मॉडल था।

Engadget के अनुसार Meta का कहना है कि अमेरिका को चीनी लैब्स को खुले AI में आगे नहीं निकलने देना चाहिए। Muse Spark Open उसी रुख़ का बड़ा क़दम है: Glimmer छोटा और रोज़मर्रा के लिए, Spark Open बड़ा और लैब-स्तर का।

VentureBeat ने Glimmer के बारे में एक बारीकी याद दिलाई: खुले सिर्फ़ वज़न हैं, ट्रेनिंग का डेटा और कोड Meta ने जारी नहीं किया। खुले मॉडल का मतलब पूरा ओपन-सोर्स नहीं होता, इसलिए जाँचना चाहिए कि क्या-क्या सचमुच खुला है।

भारत के लिए मतलब: 816B नहीं, 30B से शुरुआत

MarkTechPost के अनुसार Muse Glimmer 4-bit संकुचन के बाद 24GB VRAM में आ जाता है, जहाँ पूरी प्रिसिशन पर उसे 55GB से ज़्यादा चाहिए। यानी एक अच्छे उपभोक्ता GPU वाला डेवलपर इसे चला सकता है, जबकि Spark Open के लिए $10,000 से ऊपर की मशीनें चाहिए।

  • Muse Glimmer 30B: एक GPU या 32GB Mac पर, एजेंट और कोडिंग प्रयोगों के लिए।
  • Muse Spark Open 816B: 1TB मेमोरी वाले क्लस्टर पर, लैब और बड़ी कंपनियों के लिए।
  • साझा कंप्यूट: खरीदने की जगह किराए या सरकारी पैनल से GPU इस्तेमाल करना।

यह हमारा आकलन है कि ज़्यादातर भारतीय स्टार्टअप और कॉलेज के लिए सबसे व्यावहारिक रास्ता साझा कंप्यूट है। इसी दिशा में C-DAC का IndiaAI GPU पैनल बन रहा है।

जो अभी पता नहीं है

Meta ने जो बेंचमार्क जारी किए हैं, वे कंपनी के अपने हैं। TechCrunch के अनुसार इनमें दावा है कि मॉडल दूसरे लोकप्रिय खुले मॉडलों से बेहतर है, और स्वतंत्र जांच का इंतज़ार है।

लाइसेंस भी देखना होगा। Glimmer Apache 2.0 पर था, पर Muse Spark Open की शर्तें अलग हो सकती हैं, इसलिए व्यावसायिक इस्तेमाल से पहले मॉडल-कार्ड पढ़ें। दो Mac Studio पर असली रफ़्तार (tokens प्रति सेकंड) भी स्वतंत्र टेस्ट में देखनी बाक़ी है।

1TB का आँकड़ा पूरी प्रिसिशन के लिए है या संपीड़ित संस्करण के लिए, यह रिपोर्टों में साफ़ नहीं आया। संपीड़न से ज़रूरत घट सकती है, पर तब गुणवत्ता में कुछ कमी भी आ सकती है।

आगे क्या देखें

Engadget के अनुसार 512GB वाले Mac Studio अक्टूबर के आख़िर में आने हैं, तब क़ीमत सामने आएगी। उसके बाद स्वतंत्र समीक्षाएं बताएंगी कि दो मशीनों का क्लस्टर असल में कितना तेज़ है।

कंपनियों के अनुसार Apple ने MLX पर कई Mac में खुले मॉडल बाँटने का तकनीकी दस्तावेज़ भी जारी किया है, जिससे दूसरे बड़े मॉडल भी इसी तरह परखे जा सकेंगे।

दूसरी चीज़ छोटे संस्करणों की है। जैसे Glimmer, Spark से बना छोटा मॉडल था, वैसे ही संपीड़ित या छोटे संस्करण आना संभव हैं, जो आम GPU पर चल सकें।

कुछ साल पहले ‘खुला मॉडल’ का मतलब था कि कोई भी चला ले। अब खुला मतलब है कि कोई भी डाउनलोड कर ले, और चलाने के लिए एक टेराबाइट की मेज़ भी ख़ुद जुटाए।

स्रोत: Meta (कंपनी की घोषणा), CNBC, TechCrunch, Engadget, VentureBeat, MarkTechPost